भारत की 15 वर्षीय बैडमिंटन खिलाड़ी Tanvi Patri ने चीन के चेंगडू में आयोजित Badminton Asia Junior Championships में शानदार प्रदर्शन करते हुए लड़कियों के अंडर-17 एकल वर्ग का खिताब अपने नाम कर लिया है। फाइनल मुकाबले में तन्वी ने अपनी ही देश की Shaina Manimuthu को तीन गेम तक चले रोमांचक मुकाबले में 11-15, 15-10, 15-12 से हराकर स्वर्ण पदक हासिल किया। इस जीत के साथ भारत ने अंडर-17 लड़कियों के एकल वर्ग का एशियाई खिताब लगातार दूसरे साल अपने पास बरकरार रखा है।
फाइनल मुकाबले की शुरुआत शाइना मणिमुथु ने शानदार अंदाज में की। उन्होंने पहले गेम में तन्वी पर दबाव बनाए रखा और 15-11 से गेम जीतकर मुकाबले में बढ़त बना ली। हालांकि इसके बाद तन्वी ने अपनी रणनीति बदली और दूसरे गेम में जबरदस्त वापसी की। उन्होंने लगातार अंक हासिल करते हुए 15-10 से दूसरा गेम अपने नाम कर लिया और मुकाबले को निर्णायक तीसरे गेम तक पहुंचा दिया।
तीसरे गेम में दोनों भारतीय खिलाड़ियों के बीच जबरदस्त संघर्ष देखने को मिला। एक-एक अंक के लिए कड़ी टक्कर हुई, लेकिन तन्वी ने महत्वपूर्ण मौकों पर अपना संयम बनाए रखा। आखिरकार उन्होंने निर्णायक गेम 15-12 से जीत लिया और इसी के साथ एशियाई चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया।
तन्वी पत्री के लिए यह उपलब्धि इसलिए भी खास है क्योंकि वह पहले ही अंडर-15 स्तर पर एशियाई खिताब जीत चुकी हैं। 2024 में उन्होंने अंडर-15 एशियाई खिताब अपने नाम किया था और अब अंडर-17 वर्ग में भी चैंपियन बनकर उन्होंने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। इस साल भी तन्वी का प्रदर्शन लगातार शानदार रहा है। उन्होंने पोंटियानक इंटरनेशनल चैलेंज में अपना पहला अंतरराष्ट्रीय खिताब जीता था। इसके बाद बेंगलुरु में आयोजित अखिल भारतीय जूनियर अंडर-19 बैडमिंटन रैंकिंग टूर्नामेंट में भी उन्होंने खिताब अपने नाम किया।
चेंगडू में फाइनल तक पहुंचने का तन्वी का सफर भी आसान नहीं रहा। पहले दौर में बाई मिलने के बाद उन्होंने चीन की Zhou Jing Li को तीन गेम के बेहद करीबी मुकाबले में 18-16, 12-15, 15-13 से हराया। इसके बाद जापान की Shizuku Kashio को 15-9, 15-12 से हराकर क्वार्टर फाइनल में जगह बनाई।
क्वार्टर फाइनल में तन्वी का सामना चीन की Lin Heng Men से हुआ, जहां भारतीय खिलाड़ी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए सीधे गेम में 15-8, 15-8 से जीत दर्ज की। सेमीफाइनल में उन्हें चीन की Yu Ying Gui से कड़ी चुनौती मिली। तन्वी ने पहला गेम जीता, दूसरा गेम गंवाया, लेकिन निर्णायक गेम में शानदार वापसी करते हुए 15-9, 11-15, 15-11 से मुकाबला जीत लिया।
दूसरी ओर Shaina Manimuthu ने भी पूरे टूर्नामेंट में शानदार खेल दिखाया। छठी वरीयता प्राप्त शाइना ने क्वार्टर फाइनल में जापान की Yui Itabashi को हराया। इसके बाद सेमीफाइनल में उन्होंने Anon Okimoto को 15-13, 15-12 से हराकर फाइनल में अपनी जगह पक्की की। हालांकि खिताबी मुकाबले में उन्हें तन्वी से हार मिली और रजत पदक से संतोष करना पड़ा।
तन्वी की जीत के साथ भारत ने लगातार दूसरे साल अंडर-17 महिला एकल का एशियाई खिताब बरकरार रखा है। 2025 में Diksha Sudhakar ने यह खिताब जीता था। वहीं अंडर-15 लड़कों के युगल वर्ग में भी भारत को पदक मिला। Aditya Singh Negi और Tanmay Verma की जोड़ी ने कांस्य पदक हासिल किया। इस तरह भारतीय युवा खिलाड़ियों ने चैंपियनशिप में शानदार प्रदर्शन करते हुए देश को गौरवान्वित किया।
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