लखनऊ। उत्तर प्रदेश में बिजली कर्मचारियों का आंदोलन जारी है, लेकिन इसके बावजूद आम जनता को राहत देने वाली खबर सामने आई है। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति ने ऐलान किया है कि नवरात्र, ईद और रामनवमी जैसे प्रमुख त्योहारों के दौरान प्रदेश में बिजली आपूर्ति बाधित नहीं होगी और उपभोक्ताओं को निर्बाध बिजली मिलेगी।
त्योहारों के बीच भी नहीं रुकेगी बिजली सप्लाई
समिति के केंद्रीय पदाधिकारियों ने जानकारी दी कि 19 मार्च से 27 मार्च तक पूरे प्रदेश में बिजली व्यवस्था को पूरी तरह सुचारु रखा जाएगा। इस दौरान
- सभी शिकायतों का त्वरित समाधान किया जाएगा
- फील्ड में तैनात कर्मचारी 24×7 अलर्ट मोड में रहेंगे
- बिजली आपूर्ति में किसी भी प्रकार की बाधा नहीं आने दी जाएगी
आंदोलन भी जारी, लेकिन शांतिपूर्ण तरीके से
निजीकरण के विरोध में चल रहा यह आंदोलन फिलहाल जारी रहेगा। हालांकि, बिजली कर्मचारी
- कार्यालय समय के बाद ही प्रदर्शन करेंगे
- आम जनता को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होने देंगे
समिति ने यह भी स्पष्ट किया कि 21 मार्च (ईद) और 25, 26 व 27 मार्च (महाष्टमी और रामनवमी) के दिन किसी भी प्रकार का विरोध प्रदर्शन नहीं किया जाएगा, ताकि धार्मिक आयोजनों पर कोई असर न पड़े।
476 दिनों से जारी है आंदोलन
संघर्ष समिति के अनुसार, बिजली कर्मचारियों का यह आंदोलन पिछले 476 दिनों से लगातार जारी है। इस दौरान कर्मचारी
- उपभोक्ताओं और किसानों को निजीकरण के नुकसान समझा रहे हैं
- गांव-गांव और शहरों में जागरूकता अभियान चला रहे हैं
इस आंदोलन को किसानों और आम जनता का भी व्यापक समर्थन मिल रहा है।
लखनऊ में किसानों का प्रदर्शन, SDM को सौंपा ज्ञापन
राजधानी लखनऊ के सदर तहसील परिसर में संयुक्त किसान मोर्चा के बैनर तले किसानों ने निजीकरण के विरोध में धरना दिया। इस दौरान एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर अपनी मांगें रखी गईं।
किसानों की प्रमुख मांगें:
- बिजली का निजीकरण तत्काल वापस लिया जाए
- किसानों को घरेलू उपयोग के लिए मुफ्त बिजली दी जाए
- टाटा मोटर्स कर्मचारियों की ग्रेच्युटी समस्याओं का समाधान किया जाए
इस प्रदर्शन का नेतृत्व एकादशी यादव, दिनेश कुमार रावत, पोकरन यादव, मुकेश कुमार यादव और मोहम्मद हाफिज सहित कई किसान नेताओं ने किया।
आगे और तेज होगा आंदोलन
संघर्ष समिति ने कहा कि आंदोलन के 476वें दिन भी प्रदेशभर में प्रदर्शन जारी रहा और आने वाले समय में इसे और तेज किया जाएगा।
![]()

