Saturday, September 5, 2026
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लखनऊ सम्पूर्ण समाधान दिवस: पांचों तहसीलों में सुनी गईं फरियाद, राजस्व की 346 शिकायतें

लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में शनिवार को सम्पूर्ण समाधान दिवस का आयोजन जनपद की पांचों तहसीलों में किया गया। लखनऊ सम्पूर्ण समाधान दिवस के दौरान सदर, मलिहाबाद, बीकेटी, मोहनलालगंज और सरोजनीनगर तहसील में बड़ी संख्या में फरियादी अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। अधिकारियों ने शिकायतों की सुनवाई करते हुए कई मामलों का मौके पर ही निस्तारण किया, जबकि शेष प्रकरण संबंधित विभागों को कार्रवाई के लिए भेजे गए।

सम्पूर्ण समाधान दिवस का उद्देश्य आम नागरिकों की समस्याओं को प्रशासनिक अधिकारियों तक सीधे पहुंचाना और विभिन्न विभागों से जुड़ी शिकायतों का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण समाधान सुनिश्चित करना है।

लखनऊ की पांचों तहसीलों में शिकायतों की सुनवाई

प्रशासन की ओर से उपलब्ध कराए गए आंकड़ों के अनुसार, तहसील सदर में 53 प्रकरण प्राप्त हुए, जिनमें से 4 मामलों का मौके पर निस्तारण किया गया।

इसी तरह मलिहाबाद तहसील में 107 में से 8 प्रकरण, बीकेटी तहसील में 174 में से 45 प्रकरण, मोहनलालगंज तहसील में 231 में से 36 प्रकरण तथा सरोजनीनगर तहसील में 107 में से 8 प्रकरणों का मौके पर समाधान किया गया।

तहसीलवार आंकड़ों में बीकेटी तहसील में सबसे अधिक 45 शिकायतों का मौके पर निस्तारण किया गया। वहीं मोहनलालगंज तहसील में 36 मामलों का तत्काल समाधान हुआ।

राजस्व से जुड़ी शिकायतें सबसे ज्यादा

लखनऊ सम्पूर्ण समाधान दिवस में विभिन्न विभागों से संबंधित बड़ी संख्या में प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए। इनमें राजस्व विभाग से संबंधित शिकायतों की संख्या सबसे अधिक रही।

विभागवार प्राप्त प्रार्थना पत्रों में:

  • पुलिस: 91
  • राजस्व एवं पुलिस संयुक्त: 7
  • राजस्व: 346
  • विकास: 65
  • शिक्षा: 5
  • स्वास्थ्य: 3
  • समाज कल्याण: 13
  • नगर निगम: 5
  • अन्य विभाग: 137

इन आंकड़ों के अनुसार राजस्व विभाग से संबंधित 346 शिकायतें प्राप्त हुईं, जो विभागवार प्राप्त शिकायतों में सबसे अधिक हैं। इसके बाद अन्य विभागों से संबंधित 137 और पुलिस से संबंधित 91 प्रार्थना पत्र शामिल रहे।

शेष शिकायतों के निस्तारण के लिए भेजे गए प्रकरण

सम्पूर्ण समाधान दिवस में जिन शिकायतों का मौके पर समाधान नहीं हो सका, उन्हें संबंधित विभागों एवं अधिकारियों को भेजा गया। प्रशासन ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी प्रकरणों का समयसीमा के भीतर निष्पक्ष और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।

शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही या अनावश्यक देरी न हो, इसके लिए संबंधित विभागों को प्रकरणों पर प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।

क्या है सम्पूर्ण समाधान दिवस?

सम्पूर्ण समाधान दिवस प्रशासन और आम जनता के बीच सीधे संवाद का महत्वपूर्ण माध्यम है। इस दौरान नागरिक राजस्व, पुलिस, विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य, नगर निगम और समाज कल्याण सहित विभिन्न विभागों से जुड़ी अपनी समस्याएं अधिकारियों के सामने रखते हैं।

इस व्यवस्था का प्रमुख उद्देश्य लोगों को अपनी शिकायतों के समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों तक पहुंच उपलब्ध कराना और शिकायतों का एक निश्चित समयसीमा में प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित करना है।

लखनऊ सम्पूर्ण समाधान दिवस में राजस्व मामलों पर विशेष फोकस

लखनऊ में आयोजित समाधान दिवस के आंकड़ों से स्पष्ट है कि राजस्व संबंधी शिकायतें बड़ी संख्या में प्रशासन के सामने पहुंच रही हैं। ऐसे में भूमि विवाद, राजस्व अभिलेख, कब्जे, सीमांकन और अन्य राजस्व संबंधी मामलों के त्वरित एवं निष्पक्ष समाधान की आवश्यकता महत्वपूर्ण हो जाती है।

प्रशासन की ओर से संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि प्राप्त शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए निर्धारित समयसीमा में उनका समाधान सुनिश्चित किया जाए, ताकि फरियादियों को बार-बार कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।


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